Tuesday, January 24, 2012

मेरी मईया

कहाँ  गयी मुझे छोड़ के
छोड़ के गयी कहाँ मेरी मईया
तेरी याद आती है
मुझे बहुत रुलाती है ..........
आजा ............. आजा लौट के आजा माँ ..........
भूखा हूँ तब से तू दूर गयी जब से
भूख कहाँ मिटेगी मेरी
बिना तेरे हाथो के रोटी के मेरी मइया .......
कहाँ  गयी मुझे छोड़ के
छोड़ के गयी कहाँ मेरी मईया ..............
जागूं  मैं सारी सारी  रात
याद करूँ ममता वाला तेरा हाथ ......
नींद मुझे कहाँ आती है .........
बिना तेरी मीठी लोरी के, मेरी मईया ..........
कहाँ  गयी मुझे छोड़ के
छोड़ के गयी कहाँ मेरी मईया..............
कैसे रहूँ तेरे बिन मइया
मैं तो हु एक बालक ........
माँ जरा आके देख क्या हो गयी मेरी हालत ......
तू दूर  गयी माँ जब से
जग दूर हुआ है तब से ..........
जहाँ बचपन गुजरे, वो  गाँव ....
तेरी आँचल की माँ छाँव ..........
मुझे जब भी याद आती है ...............
मुझे खूब  रुलाती  है ...........
तेरी याद आती है ...........
मईया याद आती बहुत याद आती है ......

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